: मंगलवार,
मुख्यमंत्री ने शिक्षित बेरोजगारों को उद्यानिकी फसलों के लिए भूमि के उपयोग का अधिकार देने संबंधी नई नीति शीघ्र बनाने के निर्देश दिए है। उन्होंने ने मंत्रालय में उद्यानिकी विभाग की गतिविधियों की समीक्षा कर रहे थे।मुख्यमंत्रीने कहा कि प्रदेश में ऐसी शासकीय भूमि चिन्हित की जाए, जहाँ पानी की व्यवस्था हो। इस भूमि पर संरक्षित खेती जैसे फूल-फल, सब्जी तथा एक्जोटिक फसलों ऑर्नामेंटल नर्सरी नर्सरी के साथ ही टीशू कल्चर आदि विकसित किए जाए। उन्होंने कहा कि यह भूमि शिक्षित बेरोजगारों को दी जाए, जिससे वे इसके जरिए अपने लिए रोजगार के साधन विकसित कर सकें।उन्होंने ने बैठक में बताया गया कि मुख्यमंत्री बागवानी खाद्य प्रसंस्करण योजना के जरिए आर्किड पार्क स्थापित किए जाएंगे। फूलों की खेती को बढ़ावा देने के लिए पढ़े-लिखे नौजवानों को औद्योगिक विकास केन्द्र के माध्यम से एक से लेकर ढाई एकड़ तक की भूमि के विकसित प्लॉट आवंटित किए जाएंगे। इनमें सड़क, बिजली, पानी आदि की व्यवस्था भी शासन द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी।बैठक में मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव उद्यानिकी , आयुक्त उद्यानिकी डॉ. एम काली दुरई, उप संचालक एवं विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।